सेवा संकल्प अभियान के तहत बालाघाट जिले के प्रभारी अधिकारी एवं जल संसाधन विभाग के अतिरिक्त सचिव श्री रविंद्र चौधरी ने 18 सितंबर को वारासिवनी तहसील के ग्राम मेहंदीवाड़ा का भ्रमण किया। उन्होंने गांव के आंगनवाड़ी केंद्र एवं स्कूल का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इसके साथ ही स्थानीय बुनकरों से संवाद कर हथकरघा पर तैयार किए जा रहे वस्त्रों की जानकारी ली।

भ्रमण के दौरान कलेक्टर श्री कुमार सत्यम, जिला पंचायत सीईओ सुश्री तनुश्री मीणा एवं एसडीएम श्री श्रीश प्यासे भी उपस्थित रहे।आंगनवाड़ी केंद्र क्रमांक-4 के निरीक्षण के दौरान श्री चौधरी ने केंद्र में संचालित गतिविधियों, बच्चों को दी जा रही शिक्षा एवं उपलब्ध सुविधाओं की जानकारी ली। उन्‍होंने आंगनवाडी केंद्र में बच्‍चों के लिये जा रहे वजन एवं टीकाकरण की जानकारी ली तथा बच्‍चों को भोजन में दी जा रही रोटी-सब्‍जी को भी देखा।

उन्होंने केंद्र की व्यवस्थाओं पर संतोष व्यक्त किया। साथ ही आंगनवाड़ी केंद्र के आसपास तथा पहुंच मार्ग पर साफ-सफाई बेहतर रखने के लिए ग्राम पंचायत को आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए। इसके बाद उन्होंने मेहंदीवाड़ा के स्कूल का निरीक्षण किया और कक्षा में विद्यार्थियों से सीधे संवाद किया। उन्होंने बच्चों से नि:शुल्क पाठ्यपुस्तक, गणवेश एवं साइकिल वितरण के संबंध में जानकारी ली।

विद्यार्थियों को मन लगाकर पढ़ाई करने तथा अपनी रुचि और लक्ष्य के अनुसार शिक्षा के क्षेत्र में आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित किया।गांव के बुनकरों से मुलाकात के दौरान अतिरिक्त सचिव ने हथकरघा पर तैयार किए जा रहे वस्त्रों की निर्माण प्रक्रिया, व्यवसाय और बुनकरों से जुड़ी जानकारी ली। उन्होंने हथकरघा पर तैयार की गई आकर्षक साड़ियों का अवलोकन किया और बुनकरों की पारंपरिक कला एवं हुनर की सराहना की।

उन्होंने कहा कि हथकरघा जैसी पारंपरिक कलाएं ग्रामीण अर्थव्यवस्था और स्थानीय रोजगार से भी जुड़ी हैं, इसलिए इन्हें प्रोत्साहित करना महत्वपूर्ण है।